रायपुर, 9 अगस्त 2026 — छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में आधुनिक कृषि तकनीक अपनाकर किसान बेहतर उत्पादन और कम लागत की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। ग्राम भद्रीपाली के प्रगतिशील किसान सम्मेलाल सिदार ने नैनो यूरिया के इस्तेमाल से सब्जी की खेती में बेहतर परिणाम मिलने का अनुभव साझा किया है।
सम्मेलाल सिदार करीब 5 से 6 एकड़ जमीन पर बैंगन, टमाटर समेत अलग-अलग सब्जियों की खेती करते हैं। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष फसल में नैनो यूरिया का इस्तेमाल करने के बाद पौधों की बढ़वार और फसल की गुणवत्ता में सुधार देखने को मिला। उनके मुताबिक उत्पादन भी बेहतर रहा।
कम लागत में बेहतर उत्पादन का दावा
किसान सम्मेलाल के अनुसार, नैनो यूरिया के इस्तेमाल से रासायनिक उर्वरकों पर होने वाला खर्च कम हुआ, जिससे खेती की कुल लागत में कमी आई और आर्थिक लाभ बढ़ा। उन्होंने बताया कि शुरुआत में उन्हें इस तकनीक को लेकर संदेह था, लेकिन फसल में मिले परिणामों के बाद उनका भरोसा बढ़ा।
अब वे अपने अनुभव को गांव और आसपास के किसानों के साथ साझा कर रहे हैं और उन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं।
सम्मेलाल सिदार का कहना है कि बदलते कृषि दौर में किसानों को वैज्ञानिक पद्धतियों और नई तकनीकों की जानकारी लेकर खेती में उनका उचित उपयोग करना चाहिए। उनका अनुभव बताता है कि नई तकनीकों के जरिए खेती की लागत और उत्पादन को बेहतर तरीके से प्रबंधित करने के अवसर मिल सकते हैं।